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अपनी विभिन्न मांगो को लेकर सैकड़ो किसानों का बीते तेरह फरवरी, दो हजार चौबीस से आंदोलन जारी हैं। तब से लेकर अब तक सरकार ने किसानों से संबंधित पोस्ट डालने वाले कई सोशल मीडिया एकाउंट्स को ब्लॉक करवाया हैं। हाल ही में सरकार ने ऐसे सौ एकाउंट्स ब्लॉक करवाए हैं।
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विभिन्न किसान संगठनों द्वारा जारी विरोध प्रदर्शन के दौरान भारत सरकार का तानाशाह पूर्वक रवैया देखने को मिला हैं।
किसान आंदोलन से जुड़े पोस्ट डालने वाले कई एकाउंट्स को नरेंद्र मोदी सरकार ने बंद करवाया हैं।
हाल ही में किसानों के दिल्ली चलो आह्वान से पहले सरकार ने एक सौ (100) सोशल मीडिया एकाउंट पर रोक लगाया हैं।
बताते चले कि, किसानों के दिल्ली चलो आह्वान से एक दिन पहले केंद्र सरकार ने बीते मंगलवार यानी चार मार्च की रात को किसान संघ के नेताओं और किसानों के हित को बढ़ावा देने वाले लोगों से संबंधित लगभग एक सौ एक्स (ट्विटर) एकाउंट्स पर रोक लगा दी हैं।
बताते चलें कि, किसान यूनिय मोदी सरकार के खिलाफ बीते बीस से अधिक दिनों से कानूनी रूप से गारंटीकृत न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी एमएसपी, लखीमपुर खीरी मामले में न्याय और कर्ज माफी जैसे विभिन्न मांगो को लेकर प्रदर्शन कर रहे है।
इस विरोध प्रदर्शन के बीच सरकार का किसानों के प्रति तानाशाह रवैया दिखा हैं। सरकार ने किसानों और किसान आंदोलन का समर्थन करने वाले आवाज को दबाने का प्रयास किया हैं।
किसान आंदोलन शुरू होने से लेकर अब तक यह तीसरी बार है जब केंद्र सरकार ने किसानों और उनके मुद्दे से जुड़े अपडेट देने वाले सोशल मीडिया एकाउंट पर रोक लगाई हैं।
इससे पहले भी सरकार ने किसान आंदोलन शुरू होने से एक दिन पहले यानी बारह फरवरी की रात, उनके दिल्ली चलो आह्वान से एक दिन पहले किसान यूनियन नेताओं के एक दर्जन से अधिक सोशल मीडिया एकाउंट ब्लॉक किए थे।
इसके साथ-साथ सरकार ने किसान यूनियनों और उनके समर्थकों के आधिकारिक पेजों पर भी रोक लगा दी थी।
इसके बाद सरकार ने बीते इक्कीस फरवरी को कई सोशल मीडिया एकाउंट्स पर रोक लगाया था । जिसमे विशेष रूप से एक्स, फेसबुक और इंस्टाग्राम के एकाउंट्स शामिल थे।
अब हाल ही में बीते चार मार्च को भारत में किसानों, किसान यूनियन नेताओं और विरोध का समर्थन करने वाले लोगों के लगभग सौ सोशल मीडिया एकाउंट्स पर सरकार द्वारा प्रतिबंध लगाया गया।
भाजपा सरकार, भारत को विश्व गुरु बनाने की बात करते हैं, लेकिन इस तरह से अपने देश के किसानों, मजदूरों, छात्रों, महिलाओं और धार्मिक अल्पसंख्यकों की आवाज दबा कर विश्व को किया संदेश देना चाहते हैं?
आज पूरी दुनिया नरेंद्र मोदी सरकार की इस तानाशाह रवैए से हैरान हैं। भारत सरकार उन सरकारों में शुमार हैं जिन्होंने सबसे अधिक सोशल मीडिया एकाउंट्स या पोस्ट बंद करवाए हैं।







